मधुबनी के जयनगर में बनेगा बराज, नीतीश ने किया शिलान्यास, बड़ी आबादी को राहत, 550 मी लंबाई

 

CM नीतीश कुमार ने जयनगर बराज का किया शिलान्यास: बराज बन जाने से बड़ी आबादी को मिलेगी राहत, 550 मीटर होगी बराज की लंबाई

आज माननीय मुख्यमंत्री इस अति महत्वाकांक्षी योजना का शिलान्यास किया। बराज बन जाने पर कुल 29,559 हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई सुविधा सुनिश्चित होगी। इसके अलावा बराज बन जाने से नदी में जल प्रवाह का वाटर वे 292.5 मीटर से बढ़कर 550 मीटर हो जाने से बाढ़ अवधि में भी नदी के जलस्तर में कम वृद्धि होगी, जिससे बड़ी आबादी को बाढ़ से राहत मिलेगी।

इसके अलावा माननीय मुख्यमंत्री कमला बलान बायां एवं दायां तटबंध के उच्चीकरण, सुदृढ़ीकरण एवं पक्कीकरण कार्य फेज 1 (पिपराघाट से ठेंगहापुल तक 80 किमी की लंबाई में) का भी कार्यारंभ करेंगे।


बता दें कि जयनगर में कमला वीयर का निर्माण 1970 में और वितरण प्रणाली सहित अन्य कार्य 1974-75 में पूर्ण हुआ था। कमला वीयर से कमला पश्चिमी मुख्य नहर और पूर्वी मुख्य नहर से निकलने वाली नहर प्रणाली से मधुबनी जिलांतर्गत जयनगर, लदनिया, बासोपट्टी, हरलाखी, कलुआही और खजौली प्रखंड में सिंचाई उपलब्ध कराई जाती है। लेकिन, वक्त के साथ इसकी क्षमता ह्रासित होती गई। कमला नदी में पानी होने के बावजूद इस योजना से सिंचाई का निर्धारित लक्ष्य प्राप्त नहीं हो रहा है।

दरअसल, मौजूदा कमला वीयर में फॉलिंग शटर का प्रावधान है। कमला नदी की बाढ़ के समय वीयर के अपस्ट्रीम में भारी में मात्रा में सिल्ट जमा हो जाता है, जिससे वीयर के ऊपर बनाए गए फॉलिंग शटर जाम हो जाता है। नदी का पानी घटने पर सिल्ट हटा कर इसे वापस उठाना पड़ता है, जिससे बाएं और दाएं हेड रेगुलेटर के पास पर्याप्त जलश्राव नहीं हो पाता है। इसके कारण काफी समय तक नहर में पानी का प्रवाह काफी कम हो जाता है।

2021-22 में कमला वीयर के पश्चिमी मुख्य नहर प्रणाली के रूपांकित जलश्राव 800 क्यूसेक के विरुद्ध मात्र 140 क्यूसेक और पूर्वी मुख्य नहर प्रणाली के रूपांकित जलश्राव 112 क्यूसेक के विरुद्ध सिर्फ 20 क्यूसेक प्रवाहित हुआ था, जिसके चलते 28,384 हेक्टेयर सीसीए के विरुद्ध मात्र 18,700 हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई प्रदान की जा सकी है।

24 जून 2020 को जयनगर दौरे के समय माननीय मुख्यमंत्री ने इस वीयर को बराज में बदलने के लिए योजना बनाने का निर्देश दिया था। इसके लिए 405.6627 करोड़ रुपये खर्च करने की स्वीकृति सरकार द्वारा सितंबर 2020 में प्रदान की गई। कमला बराज का निर्माण मौजूदा कमला वीयर के लगभग 100 मीटर डाउनस्ट्रीम में प्रस्तावित है और इसे मार्च 2023 तक पूर्ण करने का लक्ष्य है। इस आधुनिक बराज की कुल लंबाई 550 मीटर होगी। इसमें 36 गेट होंगे। बराज में 360 मीटर का क्लियर वाटर वे और अंडर स्लूइस में 100 मीटर का क्लियर वाटर वे होगा। इसका उच्चतम जलस्तर 69.90 मीटर होगा। इन्हे भी जरूर पढ़ें

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