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सरकार ने खड़े किए हाथ, स्कूलों पर छोड़ा फीस माफ करने का फैसला

Concerned over drop in enrolment in govt schools, Himachal to ...
निजी स्कूलों से 3 माह की फीस माफ करवाने के मामले पर सरकार ने भी हाथ खड़े कर दिए हैं। सरकार ने स्पष्ट कहा है कि प्रदेश के निजी स्कूल स्वेच्छा से 3 माह की फीस माफ कर सकते हैं। सरकार इन स्कूलों पर कोई दबाव नहीं बनाएगी। स्कूल अपनी मर्जी से लॉकडाऊन की अवधि को देखते हुए फीस माफ कर सकते हैं। सरकार ने फीस माफ करने का फैसला निजी स्कूलों पर छोड़ दिया है। सरकार इस मामले में कोई हस्तक्षेप नहीं करेगी। हालांकि 30 अप्रैल से पहले ये स्कूल अभिभावकों पर फीस देने का दबाव नहीं बना सकते, इस मामले में सरकार स्कूलों पर पैनी नजर रखेगी।

चम्बा और मंडी जिला के कुछेक स्कूलों ने माफ की है फीस
बताया जा रहा है कि प्रदेश के चम्बा और मंडी जिला के कुछेक स्कूलों ने अप्रैल और मई माह की फीस माफ की है, ऐसे में अन्य जिलों में भी निजी स्कूलों द्वारा फ ीस माफ करने की मांग उठ रही है, जिस पर निजी स्कूल प्रबंधनों ने स्पष्ट कर दिया है कि यदि वे फीस नहीं लेंगे तो स्टाफ को वेतन देना मुश्किल हो जाएगा। सरकार के समक्ष भी निजी स्कूल प्रबंधन यह मामला रख चुके हैं, ऐसे में सरकार ने भी फीस माफ करने का फैसला निजी स्कूलों पर छोड़ दिया है। दिल्ली सरकार ने भी निजी स्कूलों को केवल एक माह की ट्यूशन फीस लेने के निर्देश दिए हैं ताकि स्टाफ का वेतन दिया जा सके। इस दौरान स्कूलों को 3 माह की फीस लेने पर रोक लगाई गई है।

3 माह की फीस माफ करना मुश्किल
प्रदेश निजी स्कूल एसोसिएशन के अध्यक्ष रवि आजटा का कहना है कि 3 माह की फीस माफ करना मुश्कि ल है। ऐसे में स्कूल प्रबंधन स्टाफ का वेतन नहीं दे पाएगा। आजटा का कहना है कि प्रदेश के नामी स्कूलों के पास तो पर्याप्त फंड है लेकिन छोटे स्कूल फीस से ही स्टाफ को सैलरी देते हैं। इस दौरान 30 अप्रैल तक फीस लेने पर रोक बरकरार रहेगी। निजी स्कूल अभिभावकों से फीस नहीं ले सकेंगे। सरकार ने बीते मार्च माह में ही इस पर रोक लगा दी थी। बताया जा रहा है कि इसके बाद भी निजी स्कूल अभिभावकों पर फीस देने का दबाव बना रहे हैं, ऐसे में यदि अभिभावक स्कूल प्रबंधन की शिकायत सरकार से करते हैं तो उनके खिलाफ पैनडैमिक एक्ट के तहत कार्रवाई होगी।

केवल ट्यूशन फीस ही लें स्कूल
अभिभावक मंच के अध्यक्ष विजेद्र मेहरा का कहना है कि बीते माह से प्रदेश में लॉकडाऊन जारी है, ऐसे में स्कूल केवल ट्यूशन फीस ही लें। इस दौरान एनुअल व मंथली चार्जिज माफ कर दिए जाएं। इस दौरान अधिकतर स्कूलों ने ऑनलाइन स्टडी शुरू की है।

क्या बोले शिक्षा मंत्री
शिक्षा मंत्री सुरेश भारद्वाज ने बताया कि निजी स्कूलों पर फीस माफ करने का कोई दबाव नहीं बनाया जाएगा। स्कूल अपनी मर्जी से फीस माफ कर सक ते हैं लेकिन इस दौरान स्कू ल प्रबंधन अभिभावकों से 30 अप्रैल से पहले फीसनहीं ले सकते। 30 अप्रैल के बाद भी ये स्कूल लेट फीस के नाम पर कोई शुल्क नहीं वसूल पाएंगे। इसके बाद भी यदि कोई स्कूल निर्देशों की अवहेलना करता है तो इसकी शिकायत विभाग से की जा सकती है। ऐसे स्कूलों के खिलाफ सरकार कड़ी कार्रवाई करेगी।
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